भौंती ग्राम लगभग ४०० वर्ष पुराना गाँव बताया जाता है न२ हाइवे इस ग्राम पंचायत के बीच में से हो कर गया है हाइवे से जुड़ा होने के कारण यह ग्राम पंचायत अधिक विकासशील है| यह ग्राम पंचायत पाँच गाँव से मिल कर बनी है ये गाँव हाइवे से १०० से ३०० मीटर की दूरी पर है इन गाँवों में प्राचीन मंदिर भी है इस ग्राम पंचायत में दो बंगाली गाँव आते है जिसे देखने पर बंगाल प्रदेश का अहसास होता है| इस ग्राम पंचायत में सुभिधा की सभी वस्तु मिलती है|
इस ग्राम पंचायत का रहन-सहन लगभग शहर की तरह ही है क्योंकि यह एक तरह से शहर का ही हिस्सा है अतः यहाँ ज़रूरत संबंधित सभी वस्तुएँ उपलब्ध हो जाती है| चाहे वह खाने-पीने की हो या पहनने की सब कुच्छ मिलता है|
इस ग्राम पंचायत में पाँच गाँव आते है:
1. भौंती प्रतापपुर
यह गाँव २ हाइवे के पास है अतः यह गाँव अधिक विकासशील है यहाँ का रहन-सहन एवं ख़ान-पान भी लगभग शहर की तरह है इस गाँव में बज़ार भी लगती है जिसमें ज़रूरत का सभी समान मिल जाता है एवं यहाँ अच्छी ख़ासी मार्केट भी है जहाँ छोटी-बड़ी दुकाने बनी है| इस गाँव में एक हॉस्पिटल एवं एक ग्रामीण बैंक है|
2. गंभिरपुर गाँव
यह गाँव भौंती गाँव से लगभग २०० मीटर की दूरी पर है इस गाँव में अधिक तार बंगाली लोग रहते है जो की वर्षों पहले पश्चिम बंगाल से यहाँ पर काम के सिलसिले में आए थे और यही पर बस गये| इस गाँव में काली जी का प्राचीन मंदिर है जो वर्षों पुराना है इस गाँव को देखने पर पश्चिम बंगाल का अहसास होता है मानो हम बंगाल के किसी छोटे से गाँव में आ गये हों| यहाँ का रहन-सहन, ख़ान-पान, एवं यहाँ की परंपरा भी वहीं की तरह है|
3. भौंती खेड़ा
यह गाँव भौंती गाँव से १.५ किलो मीटर की दूरी पर स्थित है इस गाँव में भी पर्याप्त साधन है चाहे वो शिक्षा के हों या फिर आने-जाने के हों सभी कुछ है|
4. देशामऊ
यह गाँव भी हाइवे से १ किलो मीटर की दूरी पर है यह गाँव भी सभी की तरह ठीक-तक है|
5. संजय नगर
यह गाँव भी गंभिरपुर गाँव की तराहा है यहाँ भी बंगाली लोगों की भरमार है एवं यहाँ सब कुछ बंगाल की तरह ही है यहाँ के घर भी बंगाल की तरह बने है|